खबरीलाल टीम
लखनऊ। उत्तर प्रदेश शासन ने प्रशासनिक व्यवस्था और पुलिस महकमे को अधिक प्रभावी, गतिशील और सुदृढ़ बनाने की दिशा में एक बहुत बड़ा कदम उठाया है। राज्य सरकार ने गुरुवार को एक हाई-प्रोफाइल प्रशासनिक फेरबदल करते हुए 9 वरिष्ठ आईपीएस (IPS) अधिकारियों के तबादले के आदेश जारी किए हैं।READ ALSO:-मौसम का बदलता मिजाज: 16 राज्यों में भारी बारिश और आंधी का अलर्ट; दिल्ली, यूपी और हरियाणा में आसमान से बरसेगी आग

 

इस व्यापक फेरबदल की सबसे बड़ी खासियत यह है कि प्रांतीय पुलिस सेवा से लेकर भारतीय पुलिस सेवा के शीर्ष स्तर तक संतुलन बनाने के लिए चार अतिरिक्त पुलिस महानिदेशक (ADG) रैंक के अधिकारियों को पदोन्नत (Promoted) कर पुलिस महानिदेशक (DG) पद की नई और बड़ी जिम्मेदारियां सौंपी गई हैं। सरकार के इस निर्णय के बाद से ही उत्तर प्रदेश के पुलिस महकमे में प्रशासनिक हलचल तेज हो गई है। माना जा रहा है कि यह फेरबदल आगामी सुरक्षा चुनौतियों और पुलिसिंग में आधुनिक तकनीक (साइबर सिक्योरिटी) को बढ़ावा देने के उद्देश्य से किया गया है।

 

प्रमोशन ग्राफ: ये 4 अधिकारी बने नए पुलिस महानिदेशक (DG)

शासन द्वारा जारी आधिकारिक अधिसूचना के अनुसार, चार सबसे वरिष्ठ एडीजी स्तर के अधिकारियों के कंधों पर अब डीजी पद का बड़ा दायित्व होगा। इनकी नई नियुक्तियों का विवरण इस प्रकार है:

 

1. आलोक सिंह — महानिदेशक (DG), पीएसी (PAC)

इस पूरे प्रशासनिक बदलाव में सबसे महत्वपूर्ण और बड़ी जिम्मेदारी वरिष्ठ आईपीएस अधिकारी आलोक सिंह को मिली है। वे अब उत्तर प्रदेश प्रोविंशियल आर्म्ड कांस्टेबुलरी (पीएसी) के नए महानिदेशक (DG) होंगे। इससे पहले वे कानपुर जोन में एडीजी के रूप में अपनी सेवाएं दे रहे थे, जहां उनकी कानून-व्यवस्था की रणनीति की काफी सराहना हुई थी।

 

2. बिनोद कुमार सिंह — महानिदेशक (DG), सीआईडी एवं साइबर क्राइम

बढ़ते डिजिटल अपराधों और साइबर फ्रॉड के इस दौर में सुरक्षा को अभेद्य बनाने के लिए बिनोद कुमार सिंह को प्रमोट कर 'सीआईडी (CID) एवं साइबर क्राइम' विंग का महानिदेशक नियुक्त किया गया है। वे पहले इसी विभाग में एडीजी के पद पर कार्यरत थे, जिसके चलते उन्हें इस विंग के काम का लंबा और गहरा अनुभव है।

 

3. जय नारायण सिंह — महानिदेशक (DG), आर्थिक अपराध शाखा (EOW)

आर्थिक घोटालों और भ्रष्टाचार से जुड़े मामलों की कड़ाई से जांच के लिए विख्यात आर्थिक अपराध शाखा (EOW) की कमान अब जय नारायण सिंह संभालेंगे। इससे पहले वे उत्तर प्रदेश पावर कॉरपोरेशन में डीजी (अस्थायी/संबद्ध) के पद पर तैनात थे।

 

4. डीके ठाकुर — महानिदेशक (DG), होमगार्ड विभाग

एक और कड़ा फैसला लेते हुए वरिष्ठ आईपीएस अधिकारी डीके ठाकुर को नागरिक सुरक्षा (Civil Defence) एवं विशेष सुरक्षा बल (SSF) से स्थानांतरित करके 'होमगार्ड विभाग' का नया महानिदेशक (DG) नियुक्त किया गया है।

 

जोनल और विंग्स लेवल: एडीजी (ADG) स्तर पर हुए ये 4 बड़े बदलाव

फील्ड पुलिसिंग और जोनल सिक्योरिटी को ध्यान में रखते हुए उत्तर प्रदेश के दो सबसे महत्वपूर्ण जोन— कानपुर और आगरा के कप्तानों (एडीजी) को भी बदल दिया गया है:

 

  • अनुपम कुलश्रेष्ठ बनीं कानपुर जोन की नई ADG: अब तक आगरा जोन की एडीजी के रूप में कानून-व्यवस्था की कमान संभाल रहीं तेजतर्रार महिला आईपीएस अधिकारी अनुपम कुलश्रेष्ठ को अब कानपुर जोन का नया एडीजी (ADG) नियुक्त किया गया है। कानपुर जैसे बड़े औद्योगिक और संवेदनशील जोन की कमान संभालना उनके लिए एक बड़ी चुनौती होगी।
  • एसके भगत बने आगरा जोन के नए ADG: अनुपम कुलश्रेष्ठ के स्थान पर अब एसके भगत को आगरा जोन की महत्वपूर्ण जिम्मेदारी सौंपी गई है। इससे पहले वे एडीजी क्राइम (ADG Crime) के पद पर तैनात थे।
  • ए. सतीश गणेश बने ADG क्राइम: यातायात एवं सड़क सुरक्षा (Traffic & Road Safety) विंग के प्रमुख के रूप में अपनी अमिट छाप छोड़ने वाले और कई बड़े जिलों के कप्तान रहे ए. सतीश गणेश को अब पुलिस मुख्यालय में 'एडीजी क्राइम' (ADG Crime) जैसी अति-संवेदनशील और मुख्य जिम्मेदारी दी गई है।
  • आरके स्वर्णकार पहुंचे पावर कॉरपोरेशन: एडीजी पीएसी (PAC) के पद पर कार्यरत आरके स्वर्णकार को अब पावर कॉरपोरेशन का नया एडीजी नियुक्त किया गया है।

 

आईजी (IG) स्तर पर भी हुआ एक अहम स्थानांतरण

इस पूरी सूची में महानिरीक्षक (IG) स्तर पर भी एक महत्वपूर्ण बदलाव शामिल है। महिला सुरक्षा और पुलिस प्रशिक्षण को नई दिशा देने के लिए वरिष्ठ महिला आईपीएस अधिकारी गीता सिंह को अभियोजन निदेशालय (Directorate of Prosecution) से हटाकर 'प्रशिक्षण निदेशालय' (Directorate of Training) का नया आईजी नियुक्त किया गया है। उन पर उत्तर प्रदेश पुलिस के नए रिक्रूट्स और जवानों की ट्रेनिंग को आधुनिक और डिजिटल युग के अनुकूल बनाने का जिम्मा होगा।

 

एक नजर में: यूपी IPS ट्रांसफर लिस्ट 2026 (Quick Reference Table)

अधिकारी का नाम (IPS)
पूर्व पदस्थापन (Old Posting)
नया पदस्थापन (New Posting)
वर्तमान स्टेटस/बदलाव
आलोक सिंह
एडीजी, कानपुर जोन
डीजी, पीएसी (PAC)
प्रमोशन व नया प्रभार
बिनोद कुमार सिंह
एडीजी, सीआईडी व साइबर क्राइम
डीजी, सीआईडी व साइबर क्राइम
पदोन्नति (DG रैंक)
जय नारायण सिंह
डीजी, पावर कॉरपोरेशन
डीजी, आर्थिक अपराध शाखा (EOW)
ट्रांसफर
डीके ठाकुर
एडीजी, नागरिक सुरक्षा व SSF
डीजी, होमगार्ड विभाग
प्रमोशन व नया प्रभार
अनुपम कुलश्रेष्ठ
एडीजी, आगरा जोन
एडीजी, कानपुर जोन
जोनल ट्रांसफर
एसके भगत
एडीजी, क्राइम (मुख्यालय)
एडीजी, आगरा जोन
जोनल ट्रांसफर
ए. सतीश गणेश
एडीजी, यातायात व सड़क सुरक्षा
एडीजी, क्राइम (मुख्यालय)
विंग चेंज
आरके स्वर्णकार
एडीजी, पीएसी (PAC)
एडीजी, पावर कॉरपोरेशन
ट्रांसफर
गीता सिंह
आईजी, अभियोजन निदेशालय
आईजी, प्रशिक्षण निदेशालय
ट्रांसफर
 

क्या है इस व्यापक फेरबदल का मुख्य प्रशासनिक उद्देश्य?

उत्तर प्रदेश के प्रशासनिक और गृह विभाग के उच्च पदस्थ सूत्रों के अनुसार, इस स्थानांतरण और प्रोन्नति सूची के पीछे मुख्यमंत्री की कानून-व्यवस्था को लेकर 'सख्त और दूरदर्शी नीति' है।

 

  1. कार्यक्षमता में वृद्धि (Efficiency Boost): कई महत्वपूर्ण विंग्स जैसे ईओडब्ल्यू, साइबर क्राइम और पीएसी में लंबे समय से पूर्णकालिक महानिदेशकों की आवश्यकता महसूस की जा रही थी। अब पूर्णकालिक डीजी मिलने से इन विभागों के निर्णयों में तेजी आएगी।
  2. कानून-व्यवस्था को धार देना: आगरा और कानपुर जैसे बड़े और घने जोन में अनुभवी अधिकारियों (अनुपम कुलश्रेष्ठ और एसके भगत) को भेजने का मकसद सांप्रदायिक समरसता बनाए रखना और अपराधियों पर शिकंजा कसना है।
  3. डिजिटल सुरक्षा पर जोर: साइबर क्राइम विंग में ही कार्यरत एडीजी को डीजी पद पर प्रमोट करना यह दिखाता है कि सरकार इंटरनेट और तकनीकी अपराधों से निपटने के लिए कितनी गंभीर है।

 

सरकारी आदेश जारी होने के साथ ही पुलिस महकमे में नई जिम्मेदारियों के क्रियान्वयन को लेकर तैयारियां तेज हो गई हैं। सूची में शामिल सभी 9 अधिकारियों को तत्काल प्रभाव से अपने पुराने प्रभार सौंपकर नए पदों पर कार्यभार ग्रहण करने के निर्देश दिए गए हैं। देखना दिलचस्प होगा कि यह नया सांगठनिक ढांचा उत्तर प्रदेश की सुरक्षा व्यवस्था को कितनी नई ऊंचाइयों पर ले जाता है।
विज्ञापन
dhss