मेरठ, 14 अगस्त 2026: खेलों की नर्सरी कहे जाने वाले मेरठ शहर ने एक बार फिर अपनी खेल प्रतिभा का लोहा मनवाया है। आर्मी पब्लिक स्कूल (एपीएस) मेरठ के विद्यालय प्रांगण में 13 एवं 14 अगस्त 2026 को आयोजित 'सेंट्रल कमांड इंट्रा क्लस्टर बास्केटबॉल (बॉयज) प्रतियोगिता' में मेजबान एपीएस मेरठ की टीम ने शानदार प्रदर्शन करते हुए खिताब अपने नाम कर लिया है। प्रतियोगिता में एपीएस मेरठ के अलावा एपीएस अयोध्या और एपीएस आगरा की टीमों ने हिस्सा लिया था, लेकिन मेरठ के लड़कों के फुर्तीले खेल और सटीक निशानों के आगे विरोधी टीमें पस्त नजर आईं।Read also:-15 अगस्त को लाल किला जाने वालों के लिए बड़ी राहत! तड़के 4 बजे से शुरू होगी दिल्ली मेट्रो, रक्षा मंत्रालय ने बांटे 1.30 लाख विशेष QR टिकट
दो दिनों तक चले इस खेल महाकुंभ में न केवल बास्केटबॉल का उच्च स्तरीय कौशल देखने को मिला, बल्कि खिलाड़ियों ने खेल भावना, अनुशासन और टीम वर्क की एक बेहतरीन मिसाल भी पेश की।
भव्य उद्घाटन और उत्साहवर्धक शुरुआत
प्रतियोगिता के पहले दिन यानी 13 अगस्त की सुबह विद्यालय प्रांगण में एक अलग ही ऊर्जा और उत्साह का माहौल था। बास्केटबॉल कोर्ट को पूरी भव्यता के साथ सजाया गया था और सभी टीमों के खिलाड़ी अपनी-अपनी जर्सी में जीत के जज्बे के साथ मैदान में उतरे थे।

इस महत्वपूर्ण प्रतियोगिता का विधिवत शुभारंभ मुख्य अतिथि कर्नल गजेंद्र सिंह राठौर (कमांडिंग ऑफिसर, 32 एमवीएच) की गरिमामयी उपस्थिति में हुआ। कार्यक्रम की शुरुआत में विद्यालय की प्रधानाचार्या डॉक्टर (श्रीमती) रीटा गुप्ता, उप-प्रधानाचार्या सुश्री सृष्टि स्नेहा राय तथा प्रशासनिक अधिकारी विंग कमांडर (रिटायर्ड) प्रवीण कुमार गौतम ने मुख्य अतिथि का पुष्पगुच्छ देकर स्वागत किया।

कर्नल गजेंद्र सिंह राठौर ने खिलाड़ियों से परिचय प्राप्त किया और जंप बॉल (Jump Ball) के साथ टूर्नामेंट की औपचारिक शुरुआत की। अपने संबोधन में उन्होंने कहा कि खेल केवल शारीरिक विकास का ही माध्यम नहीं हैं, बल्कि यह युवाओं में नेतृत्व क्षमता, त्वरित निर्णय लेने की शक्ति और विपरीत परिस्थितियों में धैर्य बनाए रखने का गुण भी विकसित करते हैं। उन्होंने सभी टीमों को अपना सर्वश्रेष्ठ प्रदर्शन करने के लिए प्रेरित किया।

मैच का आँखों देखा हाल: लीग मुकाबलों का रोमांच
यह प्रतियोगिता बास्केटबॉल फेडरेशन ऑफ इंडिया (BFI) के अंतरराष्ट्रीय नियमों के तहत लीग आधार पर खेली गई। इसका मतलब था कि प्रत्येक टीम को एक-दूसरे के खिलाफ अपनी ताकत आजमाने का मौका मिला।

पहला मुकाबला: एपीएस मेरठ बनाम एपीएस अयोध्या (मेरठ की एकतरफा जीत) टूर्नामेंट का उद्घाटन मैच एपीएस मेरठ और एपीएस अयोध्या के बीच खेला गया। शुरुआत से ही मेजबान टीम (मेरठ) ने आक्रामक रुख अपनाया। मेरठ के खिलाड़ियों की ड्रिबलिंग, शानदार पासिंग और सटीक शूटिंग ने दर्शकों को रोमांचित कर दिया। पहले ही क्वार्टर से मेरठ ने जो बढ़त बनाई, वह अंत तक कायम रही। टीम के मजबूत डिफेंस के कारण अयोध्या के खिलाड़ी टोकरी (Basket) तक पहुँचने के लिए संघर्ष करते दिखे। नतीजतन, एपीएस मेरठ ने इस मुकाबले में एपीएस अयोध्या को 43–10 के विशाल और एकतरफा अंतर से पराजित कर दिया। इस मैच में मेरठ की टीम का शानदार तालमेल, आत्मविश्वास और रणनीति स्पष्ट रूप से नजर आई।
दूसरा मुकाबला: एपीएस मेरठ बनाम एपीएस आगरा (अजेय रहा मेरठ) 13 अगस्त की ही संध्या को प्रतियोगिता का दूसरा मुकाबला खेला गया, जिसमें एपीएस मेरठ का सामना एपीएस आगरा से हुआ। आगरा की टीम से कड़ी टक्कर की उम्मीद थी, लेकिन मेरठ के लड़कों ने अपनी जीत की लय को बरकरार रखा। कोर्ट पर तेजी से जगह बदलना और अचूक थ्री-पॉइंटर्स ने आगरा की टीम को दबाव में ला दिया। इस मैच में भी मेरठ का पलड़ा भारी रहा और उन्होंने 39–11 के स्कोर के साथ लगातार अपनी दूसरी जीत दर्ज की। इस जीत के साथ ही एपीएस मेरठ ने पॉइंट्स टेबल में शीर्ष पर अपनी जगह पक्की कर ली।
तीसरा मुकाबला: एपीएस आगरा बनाम एपीएस अयोध्या (आगरा की वापसी) 14 अगस्त की सुबह टूर्नामेंट का तीसरा और अंतिम लीग मैच एपीएस आगरा और एपीएस अयोध्या के बीच खेला गया। दोनों ही टीमें अपना पहला मैच हार चुकी थीं, इसलिए यह मुकाबला उपविजेता (Runner-up) के स्थान के लिए बहुत महत्वपूर्ण था। इस मैच में आगरा की टीम ने अपनी गलतियों से सबक लेते हुए बेहतरीन वापसी की। दोनों टीमों के बीच कांटे की टक्कर देखने को मिली, लेकिन अंततः एपीएस आगरा ने रणनीति बदलते हुए मैच पर पकड़ बना ली और एपीएस अयोध्या को 34–21 से पराजित कर दिया।
परिणाम: एपीएस मेरठ के सिर सजा जीत का ताज
लीग के सभी मैचों के समग्र परिणामों और अर्जित अंकों के आधार पर, अजेय रही एपीएस मेरठ की टीम को विजेता (चैंपियन) घोषित किया गया। वहीं, अंतिम मैच में जीत दर्ज कर शानदार वापसी करने वाली एपीएस आगरा की टीम ने उपविजेता (रनर-अप) का खिताब हासिल किया।
यश वर्धन सिंह का जलवा: बने 'स्कोरर ऑफ द मैच'
इस पूरे टूर्नामेंट में एक नाम जो सबसे ज्यादा गूंजा, वह था एपीएस मेरठ के प्रतिभाशाली खिलाड़ी यश वर्धन सिंह का। यश वर्धन ने पूरे टूर्नामेंट में अपनी गजब की फुर्ती, तकनीकी कौशल और अचूक निशानेबाजी का प्रदर्शन किया। विपरीत टीम के डिफेंस को भेदकर लगातार पॉइंट्स अर्जित करने की उनकी क्षमता ने सभी को प्रभावित किया। उनके इस जादुई और उत्कृष्ट स्कोरिंग प्रदर्शन के लिए उन्हें ‘स्कोरर ऑफ द मैच’ (Scorer of the Match) के विशेष पुरस्कार से नवाजा गया। जब उन्हें यह ट्रॉफी दी गई, तो पूरा स्टेडियम तालियों की गड़गड़ाहट से गूंज उठा।
पुरस्कार वितरण एवं समापन समारोह
14 अगस्त की दोपहर को प्रतियोगिता का समापन और पुरस्कार वितरण समारोह आयोजित किया गया। विजेता और उपविजेता टीमों को ट्रॉफी और मेडल पहनाकर सम्मानित किया गया।
विद्यालय की प्रधानाचार्या डॉक्टर (श्रीमती) रीटा गुप्ता, उप-प्रधानाचार्या सुश्री सृष्टि स्नेहा राय तथा प्रशासनिक अधिकारी विंग कमांडर (रिटायर्ड) प्रवीण कुमार गौतम ने विजेता टीम के खिलाड़ियों एवं उनके प्रशिक्षकों (कोच) को इस गौरवपूर्ण उपलब्धि पर हार्दिक बधाई दी।
डॉ. रीटा गुप्ता ने अपने संबोधन में कहा, "यह जीत रातों-रात नहीं मिली है, बल्कि यह हमारे खिलाड़ियों के कठिन परिश्रम, भोर में उठकर किए गए निरंतर अभ्यास और उनके अटूट अनुशासन का सुखद परिणाम है। हमें अपनी टीम और खेल विभाग पर गर्व है।"
मुख्य अतिथि कर्नल गजेंद्र सिंह राठौर ने भी खिलाड़ियों के समर्पण की भूरि-भूरि प्रशंसा की। उन्होंने कहा कि हार-जीत से ज्यादा महत्वपूर्ण मैदान में बहाया गया पसीना और वह खेल भावना है जो खिलाड़ी ताउम्र अपने साथ लेकर चलते हैं। उन्होंने उपविजेता टीम का भी हौसला बढ़ाया और भविष्य के लिए शुभकामनाएं दीं।
भविष्य की एक नई उड़ान
एपीएस मेरठ की यह शानदार विजय केवल एक टूर्नामेंट की जीत नहीं है, बल्कि यह साबित करती है कि सही मार्गदर्शन, अनुशासित दिनचर्या और सामूहिक प्रयास से किसी भी लक्ष्य को प्राप्त किया जा सकता है। विद्यालय परिवार ने अपनी पूरी बास्केटबॉल टीम, कोच और सहयोगी स्टाफ को इस गौरवशाली उपलब्धि पर बधाई दी है। यह टूर्नामेंट न केवल मेरठ के खेल प्रेमियों के लिए एक यादगार आयोजन बन गया है, बल्कि यह आने वाले युवा खिलाड़ियों के लिए भी एक बड़ी प्रेरणा साबित होगा।


